औरैया। भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) ने रविवार को विकास खंड भाग्यनगर के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत फूटाताल के मजरा शिबूपूर में एक विशेष सदस्यता अभियान चलाया। इस अभियान के दौरान संगठन के पदाधिकारियों ने गांव का दौरा कर स्थानीय किसानों से सीधे संवाद किया और उनके हितों व समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की।
यह सदस्यता अभियान भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष विपिन राजपूत और ब्लॉक अध्यक्ष अनिल शंखवार के नेतृत्व में आयोजित किया गया। बैठक में उपस्थित किसानों को संगठन की नीतियों, विचारधारा और उद्देश्यों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। पदाधिकारियों ने किसानों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि यूनियन उनकी समस्याओं को हल करने के लिए निरंतर काम कर रही है और भविष्य में भी उनकी आवाज को प्रशासन के सामने मजबूती से उठाया जाएगा।
संगठन को मजबूत करने की अपील:
बैठक के दौरान ग्रामीणों ने कृषि से जुड़ी अपनी विभिन्न समस्याओं और अन्य स्थानीय मुद्दों को पदाधिकारियों के सामने रखा। इस पर यूनियन के नेताओं ने आश्वासन दिया कि इन सभी समस्याओं को संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाकर उनका हरसंभव समाधान कराया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने किसानों से एकजुट होने और संगठन को और अधिक मजबूत बनाने की अपील की।
बैठक के दौरान ग्रामीणों ने कृषि से जुड़ी अपनी विभिन्न समस्याओं और अन्य स्थानीय मुद्दों को पदाधिकारियों के सामने रखा। इस पर यूनियन के नेताओं ने आश्वासन दिया कि इन सभी समस्याओं को संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाकर उनका हरसंभव समाधान कराया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने किसानों से एकजुट होने और संगठन को और अधिक मजबूत बनाने की अपील की।
बड़ी संख्या में किसानों ने ली सदस्यता:
इस सदस्यता अभियान के प्रति ग्रामीणों में काफी उत्साह देखा गया। बैठक के दौरान गांव के अनेक किसानों ने भारतीय किसान यूनियन की सदस्यता ग्रहण की। सदस्यता लेने वालों में मुख्य रूप से महेंद्र सिंह, रामबाबू, अनिल कुमार, लक्ष्मण राठौर, ओमप्रकाश, नेत्रराम, सत्यभान, वेदप्रकाश कुशवाहा और रामसेवक समेत बड़ी संख्या में किसान शामिल रहे।
इस सदस्यता अभियान के प्रति ग्रामीणों में काफी उत्साह देखा गया। बैठक के दौरान गांव के अनेक किसानों ने भारतीय किसान यूनियन की सदस्यता ग्रहण की। सदस्यता लेने वालों में मुख्य रूप से महेंद्र सिंह, रामबाबू, अनिल कुमार, लक्ष्मण राठौर, ओमप्रकाश, नेत्रराम, सत्यभान, वेदप्रकाश कुशवाहा और रामसेवक समेत बड़ी संख्या में किसान शामिल रहे।
पदाधिकारियों ने अंत में बताया कि संगठन को और अधिक व्यापक बनाने के लिए आने वाले दिनों में गांव-गांव जाकर इसी तरह के सदस्यता अभियान चलाए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक किसानों को जोड़कर उनके मुद्दों की लड़ाई को और तेज किया जा सके।



